Chandigarh Murder Case: शूटरों को बेनकाब करेगा बर्गर! चंडीगढ़ पुलिस अब इस छोटे सबूत से सुलझा रही इंद्रप्रीत पैरी केस

Chandigarh Murder Case: चंडीगढ़ में गैंगस्टर इंद्रप्रीत सिंह पैरी की हत्या के मामले को सुलझाने के लिए अब पुलिस के पास केवल एक बर्गर का ही सबूत है। पुलिस इस बर्गर के सहारे इस पूरे मामले को हल करने का प्रयास कर रही है। पुलिस का कहना है कि हत्या से पहले शूटर खरड़ में थे। वहां से निकलने के बाद एक मशहूर कंपनी के आउटलेट से तीन बर्गर खरीदे थे जो शूटरों की क्रेटा गाड़ी में मिले थे। अब यही बर्गर अपराधियों को बेनकाब करेगा।
पुलिस के अनुसार इंद्रप्रीत सिंह की हत्या की योजना पंजाब में करीब एक सप्ताह पहले बनी थी। बीते सोमवार को शूटर पूरी तैयारी के साथ चंडीगढ़ पहुंचे। वारदात कर शहर से निकलने की पूरी प्लानिंग थी। यही वजह है कि वह खाने-पीने का सामान साथ लेकर आए थे। इसे लेकर पुलिस सभी बड़े आउटलेट पर पूछताछ और सीसीटीवी कैमरे खंगालने शुरू कर दिए हैं। इस मामले को लेकर खरड़ क्राइम ब्रांच, चंडीगढ़ क्राइम ब्रांच, जिला क्राइम सेल, ऑपरेशन सेल और पंचकूला सीआईए स्टाफ भी अलर्ट है। साइबर क्राइम थाने की भी मदद ली जा रही है। चंडीगढ़ पुलिस कैमरे खंगालती हुई खरड़ तक पहुंची। हालांकि, खरड़ टोल पर लगे सीसीटीवी में आरोपियों की कार नहीं दिखाई दे रही।
सूत्रों ने बताया कि हमलावरों की कार खरड़ में देखी गई है। इसकी पुष्टि चंडीगढ़ पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने भी की है। सूत्रों के मुताबिक, खरड़ से मोहाली होते हुए आरोपी सेक्टर 25/38 लाइट पॉइंट से चंडीगढ़ में घुसे थे।
सोमवार शाम 4.35 बजे शूटरों की कार मोहाली मैक्स अस्पताल के आगे से निकली। शाम लगभग 6.15 बजे सेक्टर-26 में पैरी की हत्या के बाद कार सवार हमलावर पंचकूला पहुंचे। गाड़ी एमडीसी में छोड़ने के बाद कार सवार तीन आरोपियों में से एक अलग और दो साथ भाग निकले।

पंचकूला में लगे सीसीटीवी में आरोपी पैदल जाते हुए कैद हैं। उधर, एसएसपी कंवरदीप कौर का कहना है कि कुछ संदिग्धों की पहचान की गई है। जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा। हालांकि, अभी यह साफ नहीं हो सका है कि हमलावर कौन थे। आरोपियों की कार कई कैमरों में कैद हुई लेकिन चेहरे साफ नजर नहीं आ रहे।
पुलिस की एक टीम कार के नंबर के आधार पर लुधियाना के रमेश नगर पहुंची। खबर लिखे जाने तक चंडीगढ़ पुलिस की एक टीम लुधियाना में मौजूद थी। गैंगस्टरों को पकड़ने के लिए पंजाब की पंजाब एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) भी जुट गई है।
वारदात से एक घंटे पहले आरोपी नयागांव गए थे। पुलिस बुधवार को पूरा दिन नयागांव के कैमरे खंगालती रही। यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी नयागांव में किसके पास गए थे। पुलिस को शक है कि आरोपी हथियार लेने गए होंगे। सूत्रों ने बताया कि पुलिस पिंजौर में हुए सोनू नोल्टा हत्याकांड में शामिल पीयूष पिपलानी के पैरी की हत्या में शामिल होने के एंगल पर भी जांच कर रही है। पीयूष पहले से सोनू नोल्टा हत्याकांड में वांटेड है।
दोस्त ने पिस्टल लेकर चलने को कहा- पैरी ने कर दिया था इन्कार
वारदात से पहले पैरी के एक दोस्त ने लाइसेंसी पिस्टल लेकर उसकी कार में चलने को कहा लेकिन पैरी ने साथ चलने से इन्कार कर दिया था। पुलिस क्लब संचालकों से भी पूछताछ कर रही है कि आखिर पैरी कब-कब क्लब में आया।
आरोपियों की कार को देखने के लिए सेक्टर-26 क्लबों के कैमरे भी खंगाले जा रहे हैं लेकिन कार कहीं नहीं दिखी। आरोपी नयागांव से सीधा सेक्टर 26 टिंबर मार्केट के पास पहुंचे, जहां एक आरोपी पैरी के साथ बैठा था। हालांकि, यह साफ नहीं है कि आरोपी क्रेटा कार से उतरकर बैठा था या फिर उसने पैरी को ऐसा दिखाया कि वह अकेला ही उससे मिलने आया है।